मौत_की_साज़िश

  • बीबी का मक़बरा: अधूरी मोहब्बत का ख़ून

    बीबी का मक़बरा: अधूरी मोहब्बत का ख़ून

    रागिनी शुक्ला १ औरंगाबाद की सर्द रात की हवा में एक अजीब सी खामोशी पसरी हुई थी, जैसे इतिहास की परतों में दबी कोई अनकही दास्तान सांस रोके खड़ी हो। बीबी का मक़बरा अपने जमे हुए सौंदर्य के साथ अंधेरे में भी चमक रहा था, उसकी संगमरमर की दीवारों पर चाँदनी बिखरी हुई थी और…

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